अयोध्या : अयोध्या के राम मंदिर से जुड़ा चांदी विवाद अब और गहराता जा रहा है। मंदिर निर्माण के दौरान दान की गई करीब 60 किलो चांदी की ईंटों और चांदी के दीपक को लेकर सवाल उठने लगे हैं। इस मामले में दानदाता अनुराग रस्तोगी ने भी कई सवाल खड़े किए हैं और चांदी के मौजूदा ठिकाने की जानकारी मांगी है।
रिपोर्ट के मुताबिक, राम मंदिर के लिए दान की गई चांदी की सामग्री को लेकर अब तक स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है। दानदाता का कहना है कि श्रद्धा से दी गई इस सामग्री का हिसाब सामने आना चाहिए, ताकि लोगों का विश्वास बना रहे।
अनुराग रस्तोगी ने दावा किया कि उन्होंने मंदिर के लिए करीब 60 किलो चांदी और एक विशेष दीपक दान किया था। उनका सवाल है कि इतनी मूल्यवान सामग्री वर्तमान में कहां है और उसका उपयोग किस तरह किया गया, इसकी जानकारी सार्वजनिक होनी चाहिए।
वहीं, इस पूरे मामले की जांच के लिए SIT भी सक्रिय हो गई है। जांच टीम चांदी की ईंटों और अन्य सामग्री से जुड़े रिकॉर्ड, दस्तावेज और संभावित सुरागों की पड़ताल कर रही है। टीम यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि दान की गई सामग्री कहां गई और इसकी जिम्मेदारी किसकी थी।
मामले को लेकर मंदिर प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। हालांकि, अभी तक जांच पूरी नहीं हुई है और किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
राम मंदिर देश की आस्था से जुड़ा बड़ा विषय है, ऐसे में दान की गई सामग्री को लेकर पारदर्शिता की मांग तेज हो गई है। अब सभी की नजर SIT की जांच और आने वाली रिपोर्ट पर है।